तानाशाह किम जोंग की बहन ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति को कहा- बेवकूफ और जंगली… बयान के बाद बवाल

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हाइलाइट्स

किम की बहन ने दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति को कहे अपशब्द
राष्ट्रपति यून को बताया बेवकूफ
दक्षिण कोरिया ने उत्तर कोरिया पर लगाए प्रतिबंध

सियोल: उत्तर कोरिया के तानाशाह किम जोंग उन की बहन ने दक्षिण कोरिया के खिलाफ बड़ा हमला किया है. उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन की बहन किम यो जोंग ने दक्षिण कोरिया के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए उसे धमकियां दीं हैं. यो जोंग ने दक्षिण कोरिया के नए राष्ट्रपति और उनकी सरकार को ‘बेवकूफ’ और ‘अमेरिका द्वारा डाली हड्डी खाने वाले जंगली कुत्ता’ बताया है.

दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्रालय द्वारा उत्तर कोरिया के हालिया मिसाइल परीक्षणों के मद्देनजर उस पर अतिरिक्त एकतरफा प्रतिबंध लगाने पर विचार करने संबंधी बयान देने के दो दिन बार यो जोंग ने यह टिप्पणी की है. दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्रालय ने कहा था कि अगर उत्तर कोरिया परमाणु परीक्षण जैसी उकसावे भरी कार्रवाई जारी रखता है, तो वह उसके कथित साइबर हमलों को लेकर भी प्रतिबंध लगाने पर विचार करेगा.

दक्षिण कोरिया राष्ट्रपति को कहा बेवकूफ
सरकारी मीडिया के अनुसार, किम यो जोंग ने कहा कि ‘मुझे आश्चर्य है कि अमेरिका की फेंकी हड्डी खाने वाला जंगली कुत्ता दक्षिण कोरियाई समूह बेशर्मी से उत्तर कोरिया पर कौन से प्रतिबंध लगाएगा. ये क्या तमाशा है.’ उन्होंने कहा कि दक्षिण कोरिया के नए राष्ट्रपति यून सुक योल बेवकूफ हैं और उनकी सरकार भी बेवकूफों से भरी है, जो क्षेत्र में एक खतरानाक स्थिति पैदा कर रही है. यो जोंग ने कहा कि जब यून के पूर्ववर्ती मून जे-इन सत्ता में थे, जिन्होंने उत्तर कोरिया के साथ रिश्ते सुधारने की कोशिश की थी, तब दक्षिण कोरिया हमारे निशाने पर नहीं था.

दक्षिण कोरिया ने लगाए के प्रतिबंध
किम यो जोंग की इस टिप्पणी को दक्षिण कोरिया में यून विरोधी भावनाओं को बढ़ावा देने के संभावित प्रयास के रूप में देखा जा रहा है. दक्षिण कोरिया ने पिछले महीने उत्तर कोरिया के परमाणु हथियारों व मिसाइल कार्यक्रमों को अवैध रूप से वित्तीय मदद मुहैया कराने के संदेह में उत्तर कोरिया के 15 लोगों और 16 संगठनों पर प्रतिबंध लगाए थे. पिछले पांच साल में दक्षिण कोरिया द्वारा उत्तर कोरिया पर लगाया गया यह पहला एकतरफा प्रतिबंध था. हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि ये एक प्रतीकात्मक कदम है, क्योंकि दोनों देशों के बीच वित्तीय लेन-देन बेहद कम है.

Tags: North Korea, South korea, World news, World news in hindi

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